
नई दिल्ली। आज भारत 77वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में आयोजित मुख्य समारोह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने तिरंगा फहराया।
इस दौरान गणतंत्र दिवस समारोह की मुख्य अतिथि यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर और यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो लुइस सैंटोस दा कोस्टा इस गौरवशाली लम्हे के साक्षी बने। इस साल की थीम ‘वंदे मातरम् के 150 साल पूरे’ है।
दिल्ली के कर्तव्य पथ पर आयोजित हो रही भव्य परेड में देश की सांस्कृतिक विविधता, सेना की ताकत और लोकतांत्रिक मूल्यों का शानदार प्रदर्शन देखने को मिली।
वायुसेना के विमानों ने भरी उड़ान
वायुसेना के विमानों ने कर्तव्य पथ पर उड़ान भरी। जिसमें सी-295, सी-130, एयरक्राफ्ट ने चंडीगढ़ से उड़ान भरी। साथ ही सुखोई लड़ाकू विमानों, राफेल लड़ाकू विमानों ने कर्तव्य पथ के ऊपर से गगनभेदी गर्जना के साथ उड़ान भरी।
यह दिन 26 जनवरी, 1950 को भारतीय संविधान के लागू होने की वर्षगांठ पर मनाया जाता है। इसी संविधान ने भारत को एक संप्रभु और लोकतांत्रिक गणराज्य का स्वरूप दिया।





