
मुंबई। महाराष्ट्र की 29 नगर निगमों में आज मतदान हो रहा है। यह चुनाव राज्य की शहरी राजनीति के लिए बेहद अहम है, खासकर देश की सबसे अमीर सिविक बॉडी बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) पर, जहां 2017 के बाद पहली बार चुनाव हो रहे हैं।
मुंबई, पुणे, नासिक, नागपुर, नवी मुंबई, ठाणे और पिंपरी-चिंचवड़ जैसे बड़े शहरों में हाई-वोल्टेज मुकाबला है।कुल 3.48 करोड़ मतदाता 2,869 सीटों के लिए 15,908 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे।
राज्य भर में 39,092 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। मतदान सुबह 7:30 बजे शुरू होकर शाम 5:30 बजे तक चलेगा। नतीजे कल यानी 16 जनवरी आएंगे।
BMC के लिए 1.03 करोड़ मतदाता डालेंगे वोट
मुंबई (BMC) देश की सबसे अमीर सिविक बॉडी है, जहां वार्षिक बजट 74,000 करोड़ रुपये से ज्यादा है। यहां 227 वार्डों में एक-एक सदस्य चुना जाएगा, इसलिए हर वोटर सिर्फ एक वोट डालेगा। मुंबई में करीब 1,700 उम्मीदवार मैदान में हैं और 1.03 करोड़ मतदाता वोट डालेंगे।
पुणे में एनसीपी के दोनों गुट एकजुट
पुणे में एनसीपी के दोनों गुटों का एकजुट होना बड़ा सरप्राइज है। 2023 में हुए विभाजन के बाद यह पहली बार है जब दोनों फैक्शन साथ आए हैं। यहां भी महायुति और ठाकरे गुट के बीच कड़ी टक्कर है।
कौन-कौन चुनावी मैदान में?
भाजपा और शिवसेना (शिंदे गुट) महायुति के तहत ज्यादातर निगमों में साथ लड़ रहे हैं, लेकिन पुणे में अलग-अलग चुनावी मैदान में हैं।
वहीं, उद्धव ठाकरे की शिवसेना (यूबीटी) और राज ठाकरे की मनसे ने मराठी मानूस के मुद्दे पर हाथ मिलाया है। दोनों ठाकरे चचेरे भाई करीब दो दशक बाद एक साथ आए हैं।
एनसीपी के दोनों गुट पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ में एकजुट होकर लड़ रहे हैं। अजीत पवार और शरद पवार ने वोटों के बंटवारे से बचने के लिए समझौता किया है।
पुणे में शिवसेना (शिंदे) ने भाजपा के साथ सीट-शेयरिंग फॉर्मूला न बनने पर अकेले चुनाव लड़ने का फैसला किया है।





