
नई दिल्ली। बांग्लादेशी खिलाड़ी को टीम में शामिल करने को लेकर कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के मालिक और फ़िल्म अभिनेता शाह रुख खान विवादों में घिर गए हैं और उन पर मुस्तफिजुर रहमान को हटाने का दबाव बढ़ गया है।
आध्यात्मिक गुरु रामभद्राचार्य और कथावाचक देवकी नंदन के विरोध के बाद अब भाजपा और शिवसेना नेताओं ने कहा कि वे रहमान को इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में नहीं खेलने देंगे। ये लोग बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ अत्याचार से आक्रोशित हैं।
BCCI ने चुप्पी साधी
विवाद के बीच BCCI ने बांग्लादेश के खिलाडि़यों की आइपीएल में भागीदारी पर चुप्पी साध रखी है। BCCI ने IPL में बांग्लादेशी खिलाडि़यों की भागीदारी पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया।
BCCI सूत्रों के अनुसार बांग्लादेशी खिलाडि़यों को लीग में भाग लेने से रोकने के लिए सरकार की ओर से कोई निर्देश नहीं मिला है।
गौरतलब है कि पिछले महीने आयोजित मिनी-नीलामी में KKR ने 9.20 करोड़ रुपये में रहमान को खरीदा था।
शाहरुख खान जैसे लोग देशद्रोही हैं- संगीत सोम
बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार और हत्याओं के बाद विरोध शुरू हो गया। भाजपा नेता संगीत सोम ने कहा, बांग्लादेश में हिंदुओं की हत्या हो रही हैं। बांग्लादेश के खिलाड़ियों को खरीदना देशद्रोह है। शाहरुख खान जैसे लोग देशद्रोही हैं।
आध्यात्मिक गुरु रामभद्राचार्य ने कहा, शाहरुख खान का रुख हमेशा देश के खिलाफ रहा है।
कथा वाचक देवकीनंदन ठाकुर ने कहा कि बांग्लादेश में हिंदूओं के खिलाफ अत्याचारों की खबरों के बीच बांग्लादेशी खिलाड़ी को टीम में शामिल करने से हिंदू और सनातन धर्म के अनुयायी आहत हुए हैं।
आल इंडिया इमाम आर्गनाइजेशन के मुख्य इमाम, इमाम उमर अहमद इलियासी ने कहा है कि शाह रुख खान को देश से माफी मांगनी चाहिए।
इलियासी ने कहा कि शाह रुख को बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हो रहे अत्याचारों की निंदा करते हुए बयान देना चाहिए और मुस्तफिजुर को अपनी टीम से हटा देना चाहिए।
बांग्लादेशी खिलाड़ी को अपनी टीम से हटा दें शाहरुख शिवसेना नेता संजय निरुपम ने शाहरुख खान से आग्रह किया कि वे बांग्लादेशी खिलाड़ी को अपनी टीम से हटा दें।
शिवसेना (यूबीटी) के प्रवक्ता आनंद दुबे ने कहा कि बांग्लादेशी और पाकिस्तानी खिलाडि़यों को भारतीय धरती पर आइपीएल खेलने की अनुमति नहीं मिलनी चाहिए।
शाहरुख के समर्थन में भी उठी आवाजें
आल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने कहा, देवकीनंदन ठाकुर और संगीत सोम को समझना चाहिए कि भारतीय मुसलमान भी बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर हो रहे हमलों को लेकर चिंतित हैं।
इमाम एसोसिएशन के अध्यक्ष मौलाना साजिद रशीदी ने कहा कि अंधविरोध इस देश में एक आदत बन गई है। जब भी कोई मुस्लिम नाम आता है, तो विरोध करना बहुत आसान हो जाता है।
शाह रुख मुस्लिम हैं और जिस बांग्लादेशी क्रिकेटर को उन्होंने खरीदा है वह भी मुस्लिम है, इसलिए विरोध तो होना ही है। रशीदी ने देवकीनंदन ठाकुर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
कांग्रेस ने सरकार से पूछे सवाल
कांग्रेस ने कहा कि इस मुद्दे पर सरकार से सवाल पूछे जाने चाहिए कि बांग्लादेशी खिलाडि़यों को भाग लेने की अनुमति क्यों दी गई।
कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा, सरकार से सवाल पूछे जाने चाहिए। बांग्लादेश में हिंदुओं को लगातार बर्बरता का शिकार बनाया जा रहा है। सरकार इस पर क्या कर रही है? प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी इस मुद्दे पर कुछ नहीं बोल रहे हैं।





